1994 से लेकर 1999 के अंत तक विश्व श्रम संगठन ने पुनर्वास तथा कार्यस्थल पर मादक दवाओं के प्रयोग को रोकने के लिए समुदाय आधारित एक कार्यक्रम चलाया। इस कार्यक्रम को यूएनअोड़ीसी तथा भारत सरकार की ओर से आर्थिक सहायता दी गई थी। यह सामुदायिक पुनर्वास तथा कार्यस्थल पर मादक दवाओं के प्रयोग को रोकने के पहले चलाए गए दो छोटे कार्यक्रमों की सफलताओं पर ही आधारित